Home नोएडा बदलते मौसम की मार, दिन में गर्मी, रात में सर्दी से बीमार हो रहे नन्हें बच्चे
नोएडा

बदलते मौसम की मार, दिन में गर्मी, रात में सर्दी से बीमार हो रहे नन्हें बच्चे

Share
Share

-डॉक्टरों की सलाह, पांच साल से कम उम्र के बच्चों को रखें विशेष देखभाल में, लापरवाही पड़ सकती है भारी

नोएडाः फरवरी में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। जनवरी के मुकाबले ठंड कम जरूर हुई है और दिन में तेज धूप के कारण गर्मी का अहसास होने लगा है, लेकिन रात के समय अब भी सर्दी बनी हुई है। दिन और रात के तापमान में इस उतार-चढ़ाव का सबसे ज्यादा असर पांच साल से कम उम्र के बच्चों पर पड़ रहा है। ऐसे में अस्पतालों में सर्दी, खांसी, बुखार और संक्रमण से पीड़ित बच्चों की संख्या बढ़ रही है।
डॉ. रश्मि गुप्ता, शिशु रोग विशेषज्ञ (पीडियाट्रीशियन) एवं मैनेजिंग डायरेक्टर,फेलिक्स अस्पताल ने बताया कि छोटे बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता (इम्यून सिस्टम) पूरी तरह विकसित नहीं होती है। ऐसे में मौसम में अचानक बदलाव उनके शरीर को जल्दी प्रभावित करता है। दिन में हल्के कपड़े पहनाने और रात में पर्याप्त गर्म कपड़े न पहनाने जैसी लापरवाही बच्चों को बीमार कर रही है। बदलते मौसम में बच्चे इसलिए जल्दी बीमार पड़ जाते हैं क्योंकि पांच साल से कम उम्र के बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता पूरी तरह विकसित नहीं होती, जिससे उनका शरीर संक्रमण से लड़ने में कमजोर पड़ जाता है। इसके साथ ही दिन में गर्मी और रात में ठंड के कारण तापमान में लगातार उतार-चढ़ाव होता है, जो शरीर के तापमान संतुलन को प्रभावित करता है। इस मौसम में वायरल बुखार, फ्लू और गले के संक्रमण तेजी से फैलते हैं, जिससे बच्चों के संक्रमित होने का खतरा बढ़ जाता है। वहीं स्कूल जाने और पार्क में खेलने के दौरान अन्य बच्चों के संपर्क में आने से भी संक्रमण फैलने की संभावना अधिक रहती है। अगर बच्चे को लगातार तीन दिन से अधिक बुखार रहे, सांस लेने में दिक्कत हो या बच्चा दूध/खाना न ले रहा हो, तो तुरंत चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए। हल्के जुकाम या खांसी की स्थिति में भाप दिलाना, गुनगुना पानी पिलाना और पर्याप्त आराम देना लाभकारी है। हालांकि बिना डॉक्टर की सलाह के एंटीबायोटिक दवा नहीं देनी चाहिए। अधिकांश मामलों में वायरल संक्रमण 3 से 5 दिन में ठीक हो जाता है, लेकिन लक्षण गंभीर होने पर दवा और जांच जरूरी होती है। जरूरत पड़ने पर नेबुलाइजेशन, बुखार की दवा और अन्य उपचार दिए जाते हैं। समय पर इलाज न मिलने पर निमोनिया जैसी गंभीर समस्या भी हो सकती है। बदलते मौसम में लापरवाही बिल्कुल न बरतें। बच्चों को संतुलित आहार दें, जिसमें हरी सब्जियां, दाल, फल और पर्याप्त तरल पदार्थ शामिल हों। टीकाकरण समय पर कराएं और बच्चे की सेहत में मामूली बदलाव को भी नजरअंदाज न करें। मौसम का यह संक्रमण काल बच्चों के लिए संवेदनशील समय होता है। अभिभावकों की थोड़ी सी सतर्कता बच्चों को बीमारी से बचा सकती है। दिन की धूप भले ही गर्मी का अहसास कराए, लेकिन रात की ठंड अब भी असर दिखा रही है। ऐसे में बच्चों की सेहत को लेकर सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।

बच्चों में बीमार होने के लक्षणः
– नाक बहना और जुकाम
– सूखी या बलगमी खांसी
– हल्का या तेज बुखार
– गले में खराश
– सांस लेने में तकलीफ
– उल्टी या दस्त
– सुस्ती और चिड़चिड़ापन

बचाव के उपायः
– दिन और रात के अनुसार बच्चों के कपड़ों का चयन करें।
– शाम ढलते ही बच्चों को हल्का स्वेटर या जैकेट जरूर पहनाएं।
– ठंडी हवा से बचाने के लिए सिर और सीने को ढककर रखें।
– बच्चों को ठंडा पानी या आइसक्रीम से परहेज कराएं।
– गुनगुना पानी पिलाएं।
– घर में साफ-सफाई और वेंटिलेशन का ध्यान रखें।
– भीड़भाड़ वाले स्थानों पर छोटे बच्चों को कम ले जाएं।

Share

Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Don't Miss

पंजाब में आउटसोर्स सिस्टम खत्म, 65 हजार कर्मचारियों को बड़ी राहत: सीएम मान

पंजाब में 65 हजार से ज्यादा आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए भगवंत मान सरकार ने बहुत बड़ा ऐलान किया है। शनिवार को सीएम भगवंत मान...

पंजाब में AAP की जीत का उत्सव, कार्यकर्ताओं ने मनाया जोरदार जश्न

पंजाब में नगर निगम और काउंसिल चुनाव के नतीजों में आम आदमी पार्टी (आप) ने एक बार फिर शानदार प्रदर्शन करते हुए बंपर...

Related Articles

इस्कॉन नोएडा एक्सप्रेसवे मंदिर में श्री जगन्नाथ स्नान यात्रा का भव्य आयोजन, ‘ग्रोथ माइंडसेट’ पुस्तक का हुआ विमोचन

नोएडा। इस्कॉन नोएडा एक्सप्रेसवे मंदिर में भगवान श्री जगन्नाथ, श्री बलदेव एवं...

इलाहाबाद हाई कोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला, एक साथ नहीं लगायी जा सकती आईपीसी की धारा 420 और 409

कोर्ट ने रद की मेरठ के सिविल लाइंस थाने में दर्ज अभिषेक...

भक्ति की लहर ने नोएडा को झकझोरा: हज़ारों लोगों ने अनुभव की भक्ति‍मय कीर्तन की परिवर्तनकारी शक्ति

नोएडा, 18 अप्रैल, 2026: एक ऐतिहासिक आध्यात्मिक क्षण के 100 वर्ष पूर्ण...

घुटनों और जोड़ों के दर्द को न करें नजरअंदाज, समय पर इलाज है जरूरी

– बदलती जीवनशैली और गलत आदतों के कारण बढ़ रही जोड़ों की...